तेन्दूपत्ता संग्राहकों को बोनस का इंतजार

तेन्दूपत्ता संग्राहकों को बोनस का इंतजार

बालाघाट। जिले के हजारो तेन्दुपत्ता संग्राहकों को वर्ष 2018 में तोड़े गये तेन्दुपत्ता के लाभांश का इंतजार महीनों से करना पड़ रहा है। इसके पीछे बड़ी वजह यह बतायी जा रही है शासन का खजाना खाली है और मजदूरों को करोड़ो रूपये में उनका भुगतान लेना बाकी है। इसके पीछे बड़ी वजह यह बतायी जा रही है शासन का खजाना खाली है और मजदूरो को करोड़ो रूपये में उनका भुगतान लेना बाकी है। वनविभाग के अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने तेन्दुपत्ता संग्रहण की लाभांश राशि के वितरण के लिये सारा खाका तैयार कर भोपाल भेज दिया है। लाभांश वितरण किस प्रकार होना है वहीं से तय किया जाता है। यह बताये कि तेन्दुपत्ता बिक्री के बाद होने वाले लाभांश में से कुछ प्रतिशत मजदूरों को बांटा जाता है। वर्ष 2018 में तोड़ गये तेन्दुपत्ता की बिक्री लगभग वर्ष 2019 में पूरी हो चुकी है लेकिन वर्ष 2020 की शुरूआत होने के बाद भी शासन इस ओर  ध्यान नही दे रहा है जिसके पीेछे एक बार फिर प्रदेश शासन का खजाना खाली होने जैसी खबरे सुर्खियों में बनी हुई है। इसको लेकर तेन्दुपत्ता संग्राहकों से चर्चा करने पर उन्होंने बताया कि इस वर्ष लाभांश राशि के वितरण मे लेट हो गया है। सभी संग्राहको द्वारा बेसब्री से लाभांश राशि मिलने का इंतजार किया जा रहा है।
वर्ष 2018 का बोनस नही मिला- नवाज मोहम्मद
ग्राम कुम्हारी के फडमुंशी नवाज मोहम्मद ने बताया कि यहां फड में 172 लोगों ने तेन्दुपत्ता संग्रहण है। भुगतान के हिसाब से बोनस मिलता है, संग्राहकों द्वारा बोनस का इंतजार किया जा रहा है।
भोपाल स्तर पर लगभग तैयारियां पूरी है-अंसारी
इसके संदर्भ में चर्चा करने पर दक्षिण सामान्य वनमंडल के डीएफओ डॉ.एए अंसारी ने बताया कि बोनस प्रदाय करने में कोई समस्या नहीं है। शासन के ऊपर है वह बोनस किस रूप में बांटे, पिछले बार संग्रहकों को जुत्ते चप्पल जैसी सामग्री वितरित की गयी थी। सरकार अपने हिसाब से तय करेगी उनको पैसा देना है या ऐसी कोई चीज देनी है जो उनके काम आये। भोपाल स्तर पर लगभग इसकी तैयारियां पूरी है मुझे लगता है हम लोगों को जल्दी सूचित कर दिया जायेगा।   


 

 

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.