प्रायवेट डाक्टर्स कोरोना मरीजों के उपचार में देंगें सहयोग
कलेक्टर के साथ मिटिंग में लिया गया निर्णय
बालाघाट। जिले में कोरोना संक्रमित मरीजों की निरंतर बड़ती जा रही संख्या के कारण जिले के शासकीय अस्पतालों में उपलब्ध संसाधन कम पड़ते जा रहे हैं । जिला प्रशासन स्वास्थ्य सुविधाओं का लगातार विस्तार कर रहा है और सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से कोविड हेल्थ सेंटर भी बना रहा है। कोविड मरीजों के उपचार के लिए अधोसंरचना जुटाने के बाद भी डाक्टर्स की कमी के कारण मरीजों के उपचार में समस्या आ रही है। इसे देखते हुए कलेक्टर श्री दीपक आर्य ने गत दिवस इंडियन मेडिकल ऐसोसियेशन आईएमए की जिला अध्यक्ष डॉ श्रीमती अनिता पाराशर को पत्र लिखकर जिले के प्रायवेट डाक्टर्स का इसमें सहयोग दिलाने की अपेक्षा की थी।
इसी कड़ी में आज 20 अप्रैल को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कलेक्टर श्री दीपक आर्य की अध्यक्षता में आईएमए के डाक्टर्स की बैठक का आयोजन किया गया था। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री अभिषेक तिवारी, सहायक कलेक्टर श्री दलीप कुमार, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ मनोज पांडेय, डॉ श्रीमती अनिता पाराशर, डॉ बीएम शरणागत, डॉ पाराशर, डॉ पारधी एवं अन्य चिकित्सक उपस्थित थे।
कलेक्टर श्री आर्य ने बैठक में सभी प्रायवेट चिकित्सकों से अपील की कि कोरोना संक्रमण का यह कठिन एवं मुश्किल समय है, जब हमारे संसाधन कम प? जा रहे है। ऐसे समय में प्रायवेट चिकित्सक पीडित़ मानवता की सेवा के लिए आगे आयें और कोरोना के मरीजों के उपचार में अपना योगदान दें। जिला प्रशासन प्रायवेट चिकित्सकों को कोरोना मरीजों की जांच के लिए पीपीई किट एवं सभी सुविधायें उपलब्ध करायेगा।
बैठक में प्रायवेट चिकित्सकों ने भी कहा कि वे इस महामारी के दौर में जिला प्रशासन को पूर्ण सहयोग देने के लिए तैयार है। मानवता की सेवा के लिए वे अपने कर्त्तवयों से पीछे नहीं हटेंगें।
बैठक में तय किया गया कि जिले में कोरोना संक्रमित मरीजों के उपचार में आईएमए के सदस्य सभी प्रायवेट चिकित्सक अगले दो माह तक अपना सहयोग देंगें। वरिष्ठ चिकित्सक जिले में होम आईसोलेशन में रह रहे एवं कोविड हेल्थ सेंटर में भर्ती कोरोना पाजेटिव मरीजों से वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से संवाद कर उन्हें उपचार संबंधी सलाह देंगें। युवा चिकित्सक कोविड मरीजों के उपचार के लिए दिन में एक से दो बार वार्ड में जाकर मरीजों को चेक करेंगें। प्रायवेट चिकित्सकों की इस सेवा से कोरोना पाजेटिव मरीजों के उपचार में लगे आयुष के डाक्टर्स एवं पैरामेडिकल स्टाफ को भी मदद मिलेगी और उनके साथ मरीजों का भी आत्मविश्वास व मनोबल ब?ेगा।
बैठक में तय किया गया कि मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ मनोज पांडेय प्रायवेट डाक्टर्स की ड्यूटी का चार्ट तय करेंगें। बैठक में यह भी तय किया गया कि जिले मे बनाये गये कोविड हेल्थ सेंटर में अत्यावश्यक जरूरी छोटे-मोटे उपकरण प्रायवेट चिकित्सक अपने अस्पताल से उपलब्ध करायेंगें। जिससे मरीजों के उपचार में किसी तरह की असुविधा न हो।