जरूरत की सामाग्री मुहैया कराने दुगलई पहुंची प्रबुद्ध तथागत फाउंडेशन की टीम

 जरूरत की सामाग्री मुहैया कराने दुगलई पहुंची प्रबुद्ध तथागत फाउंडेशन की टीम

आदिवासीयों को वितरित की खाद्य सामाग्री से बनी कीट



बालाघाट। कोरोना संक्रमण के कारण हुए लॉकडाउन से गरीब तबके के परिवारो के रोजगार धंधे चौपट हो गये है। ऐसे में उनके बीच  खाने के लाले भी पड़ रहे है। ऐसे में राशन तो सरकार मुहैया करा देती है लेकिन अन्य खाद्य सामग्रियों के लिए लोगो को भटकना पड़ रहा है। इन हालात में एक बार फिर बालाघाट जिले की प्रबुद्ध तथागत फाउंडेशन नामक संस्था गरीब आदिवासियों के बीच जाकर उन्हें अन्य खाद्य सामग्री मुहैया कराकर आदिवासियों के लिए मील का पत्थर साबित हो रही है।

                   जानकारी के मुताबिक प्रबुद्ध तथागत फाउंडेशन की टीम 27 अप्रैल की सुबह करीब 11 बजे जिला मुख्यालय से पहुंच विहिन वन बाहुल्य क्षेत्र में बसे आदिवासी वन बाहुल्य गाव दुगलाई पहुची। जहा बुंनियादी समस्याओं से जूझ रहे आदिवासीयों को सामाजिक संस्था प्रबुद्ध तथागत फाउंडेशन द्वारा पेसेफिक मिनरल्य प्राईवेट. लिमिटेड. लौगूंर माईन्स के प्रोपराईटर वेदान्ता राय द्वारा दान हेतू दिये गये खाद्य सामाग्री आटा, दाल, आलू, प्याज, नमक, तेल, मिर्च और हल्दी पाउडर से बनी राशन कीट का वितरण किया गया। टीम में शामिल सचिव महेंद्र मेश्राम, सहयोगी रफी अंसारी पत्रकार, राहुल टेंभरे द्वारा आंगनवाडी कार्यकर्ता की मौजूदगी में कोरोना गाईड लाईन का पालन करते हुए आदिवासियों को उक्त राशन कीट वितरित की गई, जहां क्षेत्रिय समाजसेवी निर्मल गोस्वामी, सोनगुड्डा पूर्व सरपंच तातूसिंह धुर्वे भी मौजूद रहे। खाद्य सामाग्री से बनी कीट पाकर जहां एक ओर आदिवासियों के चेहरे खिल उठे, तो वही दूसरी ओर फाउंडेशन का यह सराहनीय कार्य आदिवासियों के लिए राहत प्रदान कर रहा है। आदिवासियों का कहना है संस्था द्वारा दिये गए इस सामान से उनके लिए करीब एक सप्ताह का जुगा? हो गया है। वे कैसे भी करके अपने परिवार का पेट भरने मजबूर थे, लेकिन कुछ दिनो की व्यवस्था संस्था द्वारा की गई, जहां संस्था की ये पहल उनके लिए राहत दे गई।

              आपको बता दे, दुगलई गांव बिठली ग्राम पंचायत के अधीनस्थ आता है। यह गांव पंचायत मुख्यालय से करीब 17 किमी दूर बसा है, जहां तक सफर करना यहां के वाशिंदो के लिये काफी मुश्किलो भरा रहता है तो वही दूसरी ओर लाकडाउन से चलते बाजार व दुकाने बंद होने से इन्हे काफी समस्याओं से गुजरना पड रहा है। इस दौरान क्षेत्र के वनग्राम कोन्दुल और चाकाटोला के भी कुछ आदिवासी परिवार मौजूद हुए थे जिन्हे भी प्रबुद्ध तथागत फाउन्डेशन द्वारा खाद्य सामाग्री से बनी राशन कीट वितरित की गई। इसके अलावा आदिवासीयों को कोरोना महामारी से बचाव हेतू उपाय भी बताये गये। साथ ही आदिवासीयों को मास्ॅक का भी वितरण किया गया। कोरोना महामारी के चलते लॉकडाउन चल रहा है। जिससे वन वासियों के समझ रोजी रोटी की समस्या पैदा हो गई है। इस समस्या से निजात दिलाने के लिये फाउन्डेशन के द्वारा लगातार जरूरत की सामाग्री का वितरण किया जा रहा है जो फाउन्डेशन के संचालक पर्यटन विभाग लखनऊ के प्रमुख सचिव आईएएस अधिकारी मुकेश मेश्राम के दिशा निर्देशो पर किया जा रहा है। 

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