आदिवासी धर्म परिषद का प्रांतीय अधिवेशन 25 को, हक-अधिकारों को लेकर होगी चर्चा
बालाघाट। अखिल भारतीय आदिवासी धर्म परिषद भारत के तत्वाधान में 25 दिसम्बर को सुबह 11 बजे से स्थाानीय नूतन कला निकेतन में प्रांतीय अधिवेशन का आयोजन किया गया है। इस संबंध में सर्व आदिवास विकास परिषद अध्यक्ष भुवनसिंह कोर्सम ने बुधवार को पत्रकार वार्ता आयोजित कर बताया कि अधिवेशन में जनगणना प्रपत्र में अलग कॉलम/धर्म कोड, गोंडी भाषा को आठवीं अनुसूची में सम्मिलित करना, वन अधिकार अधिनियम, वन ग्राम विस्थापन नीति, भू-राजस्व संहिता, पेसा एक्ट, गौण खनिज अधिनियम, एस्ट्रोसिटी एक्ट संवैधानिक अधिकार एवं ज्वलंत सामाजिक समस्याओं पर चर्चा की जावेगी। इसके अलावा इस दौरान प्रदेश कमेटी का भी गठन किया जाएगा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि, अखिल भारतीय आदिवासी धर्म परिषद राष्ट्रीय अध्यक्ष विश्वनाथ वाकड़े, कार्यक्रम अध्यक्ष आदिवासी धर्म संस्कृति विशेषज्ञ नीसब कुसरे रहेंगे। उन्होंने इस अवसर पर सभी आदिवासियों से उपस्थिति की अपील की है। पत्रकारों वार्ता के दौरान संगठन के पदाधिकारी लक्ष्मीकांत धुर्वे, सरिता धुर्वे, जयसिंह कुंभरे, भूपेन्द्र टेकाम, रामलाल इनवाती सहित अन्य उपस्थित रहे।