आत्मरक्षा का गुर सिखाने जिला कराते संघ का प्रशिक्षण शिविर 4 मई को
बालाघाट। जिला कराते संघ के तत्वाधान में 4 मई से 12 मई तक ग्रीष्मकालीन बालिकाओं एवं महिलाओं के लिए नि:शुल्क आत्मसुरक्षा एवं खाली हाथो से लडऩे कि युद्ध कला सिखाने हेतु आयोजन उत्कृष्ट विद्यालय परिसर बालाघाट में शाम 6 से 8 बजे तक किया जा रहा है। जिसमें विशेष रूप से आत्मसुरक्षा एवं शरीर को कड़ा मजबूत एवं भारी आक्रमण से बचाव या सहन करने कि विभिन्न क्रियाओं एवं तकनीकों का बेसिक प्रशिक्षण दिया जायेगा। उक्त जानकारी जिला कराते संघ के अध्यक्ष तपेश असाटी ने सर्किट हाऊस में पत्रकारो से चर्चा में दी। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित कराते प्रतियोगिता के लिए दो खिलाड़ी साहिल नारनौरे व देवेन्द्र मेरावी का चयन हुआ है जिनका सम्मान किया गया। इस दौरान कराते कोच कृष्णदास गोंदुड़े, रूपेन्द्र बनकर, श्रेयांश वैद्य शामिल रहे। इस दौरान तपेश असाटी ने बताया कि आज के बदलते हुए समय को देखते हुए बालिकाओं एवं महिलाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण प्राप्त करना चाहिये। ताकि घातक हथियार, चाकू, तलवार आदि से अपना बचाव कर सकें। इस आयोजन के माध्यम से आत्मरक्षा के विविध प्रकार के दाव पेंच सिखाये जाएंगे एवं अपने शरीर कें अंगों को हथियार बनाकर प्रतिद्वंद्वी के शरीर के कमजोर हिस्सो पर प्रहार कर अपनी आत्मरक्षा आसानी से कर प्रतिद्वंद्वी को चेट पहुंचा सकते हैं। प्रशिक्षण कुशल प्रशिक्षकों द्वारा दिया जावेगा। जिसमें प्रषिक्षकों में रूपल गौतम ब्लैक बेल्ट, राकेश बोरकर ब्लैक बेल्ट, जयश्री सोनवाने, लक्की मड़ावी, इन्द्रकुमार राऊत, संजू मेश्राम, लवलीना शे_ी समेत अन्य शामिल है।