डबल मनी कारोबार पर पुलिस की कार्यवाही संदिग्ध
बालाघाट। गति दिनों बोलेगांव में डबल मनी कारोबार पर पुलिस द्वारा की गई कार्यवाही को पूर्व सांसद कंकर मुंजारे ने संदिग्ध बताया है। मुंजारे ने कहा कि पुलिस ने छापामार कार्यवाही करके जो राशि जप्त की है, उसे पुलिस ने लगभग 10 करोड़ रूपये बताया है, ििजससे निश्चित ही पुलिस की कार्यप्रणाली संदेह के घेरे में आ गई है। पूर्व सासंद कंकर मुंजारे का कहना है कि यदि पुलिस ने संतोषजनक कार्यवाही की है तो राशि भी संतोषजनक बताना चाहिये थे। लगभग 10 करोड़ बताकर, रकम में घेराफेरी करने का पुलिस ने जाल बुन लिया है। मुंजारे को अंदेशा है कि इस पूरी कार्यवाही में पुलिस ने एक बड़ी रकम हड़पने का काम किया है और कम मात्रा में रूपयों की जप्ती मीडिया के समक्ष शो की है।
चर्चा करते हुए पूर्व सांसद कंकर मुंजारे ने पुलिस की कार्यवाही पर सवाल उठाते हुए कहा कि रूपयों को डबल करने का इतना बड़ा कारोबार करने वाले, कोई हाथो से नोटो की गिनती नही करते थे, बल्कि उनके पास नोट गिनने की 200 मशीने थी, काफी वृहद स्तर पर उनका यह कारोबार फैल चुका था। लेकिन पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक भी मशीन जप्त नही की। ऐसे में पुलिस की कार्यवाही को लेकर कई संदेह जन्म ले रहे है। इसके अलावा पुलिस ने कॉल डिटेल्स भ्ीा नही खंगाली है, कौन कौन लोग उनके संपर्क में थे। उनके कम्प्यूटर सिस्टम में पुरा लेखा जोखा दर्ज होगा, उसे भी पुलिस ने जप्त नही किया है। जिससे साफ जाहिर हो रहा है कि पुलिस इस पुरे मामले में लीपापोती करने में तुली हुई है। यदि पुलिस पुरी निष्पक्षता से मामले की जांच करती है तो कई बड़े चेहरों मामले में लिप्त पाये जायेंगे और उनका संरक्षण प्राप्त होने की पोल भी खुलेगी।
श्री मुंजारे ने आरोप लगाते हुए कहा कि पिछले 6-7 वर्षो से यह कारोबार चल रहा था और जनता से रूपये पैसे जमा करवाये जा रहे थे और उसे दोगुना करके दिया जा रहा था। लेकिन इसके लिये उन्होंने किसी से कोई अनुमति नही ली थी। इसके पीछे पुलिस और सरकार दोनो जिम्मेदार हे। अब तक पुलिस और सरकार ने कार्यवाही करने के बजाय इन कारोबारियों को संरक्षण दे रखा था, जबकि पुरा कारोबार भाजपा जिलाध्यक्ष रमेश भटेरे के धर के सामने संचालित हो रहा था, तो कही ना कही रमेश भटेरे भी इसमें पार्टनर है और चुनाव के लिये पैसे लगा रखा है, फंड तैयार करके रखा है। मुंजारे ने अपनी जानकारी अनुसार बताया कि इसमें आम जनता के अलावा भाजपा के 30 दिग्गज लोगों का भी पैसा लगा है, जिन्हें सीएम शिवराज सिंह चौहान का संरक्षण प्राप्त है। क्योंकि पिछले दिनों जब शिवराज सिंह चौहान किरनापुर दौरे पर आये थे तब इन कारोबारियों ने 25 करोड़ रूपये खर्च किये थे। रमेश भटेरे के द्वारा पार्टी के कार्यक्रमों में लाखो रूपयों का अंशदान पहुंचाया जा रहा है, क्रिके्रट मैच करवाये जा रहे है। आखिर कहा से आ रहा है इतना पैसा?
पूर्व सांसद कंकर मुंजारे ने एक गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि 16 तारिख को इस पुरे मामले को लेकर सीएम शिवराज की पत्नि श्रीमति साधना सिंह का बालाघाट एसपी समीर सौरभ को फोन आया था और उन्होंने एसपी को डायरेक्षन दिया। इस तरह लोकतंत्र का मजाक बनाया जा रहा है और अपने लोगों को बचाया जा रहा है। इस मामले में जो आरोपी फरार है और और पुलिस उनकी तलाश कर रही है। यदि रमेश भटेरे के घर की तलाशी की जाये तो उन्हें दबोचा जा सकता है। मुंजारे ने एक सिरे से पत्रकारो पर भी आरोप लगाते हुए जिले के कुछ दिग्गज पत्रकारो के भी नाम लिये, ििजन्होंने एक मोटी रकम डबल करने दी हे। ये पूरा संरक्षण देकर अपना काला धन डबल करवा चुके है, भारी संपत्ति बना रहे है, पुलिस इन्हें भी पकड़े और इनकी संपत्ति की भी जाच करें। यहां के कुछ कांग्रेस नेता आईपीएल खिला रहे है और लंबी वसुली कर रहे है। लेकिन पुलिस उन पर कोई कार्यवाही नही कर रही है। मुंजारे ने आरोपो की झड़ी लगाते हुए कहा कि इस कारोबार में जिले के पुलिस अधिकारी, शासकीय विभाग के अधिकारी कर्मचारी, व्यवसायी सभी के पैसे लगे है, सभी की बारिकी और गंभीरता से जाजंच की जानी चाहिये। मुंजारे ने इस पुरे मामले में सीबीआई जांच की मांग की है।