छत से गिर रहा प्लास्टर, दुर्घटना होने की आशंका
बालाघाट। शासकीय प्राथमिक शाला डोडराटोला का भवन जर्जर हालत में पहुंच गया है। भवन इतना जर्जर हो गया है कि किसी भी समय छत से प्लास्टर गिरने लगता है। नया भवन बनाए जाने के लिए शिकायत की गई।लेकिन अभी तक न तो भवन की मरम्मत करवाई गई और नहीं कोई स्वीकृति मिली है। इससे स्कूल के समय छात्रों के साथ दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है। जिसके चलते छात्रों समेत शिक्षकों में हमेशा दहशत का माहौल बना हुआ रहता है। छात्रों के अभिभावकों ने भी स्कूल भवन की छत की मरम्मत कराए जाने की मांग शासन प्रशासन से की है।
स्कूल के शिक्षक ने बताया कि बिरसा जनपद के डाबरी संकुल केंद्र में आने वाले शासकीय प्राथमिक शाला डोडराटोला में करीब पहली से लेकर पांचवीं तक 30 छात्र अध्यनरत है।यह स्कूल करीब 22 वर्षों पुराना है और स्कूल में तीन कमरे है।तीनों कमरों के छत की हालत जर्जर ही है। कमरों की छत से कई बार प्लास्टर नीचे गिरते रहता है। लेकिन गनीमत रहा है कि अभी तक कोई भी छात्र घायल नहीं हो पाया। इसके लिए वरिष्ठ स्तर पर भवन बनते तक किराए के कमरों में कक्षाओं का संचालन करने की जानकारी भेज दी गई है।वहां से स्वीकृति प्राप्त होते ही किराए के कमरे में कक्षाओं संचालन शुरू कर देंगे।
जंगल में बसा है गांव
डोडराटोला के ग्रामीण बताते है कि उनका गांव जंगल में होने से जनप्रतिनिधियों से लेकर अधिकारी वर्ग द्वारा निरीक्षण नहीं किया जाता है।यही कारण है कि शासकीय प्राथमिक शाला जो कि करीब 22 वर्ष पुराना भवन जर्जर हालत में हो गया है और छात्र जर्जर भवन में पढ़ाई कर रहे है। स्कूल भवन के छत से कई बार प्लास्टर गिरते रहता है। हालांकि अभी तक किसी के ऊपर प्लास्टर गिरा नहीं है,पर अनहोनी को कोई टाल नहीं सकता। ऐसी दशा को देखते हुए नया भवन या फिर किराए के भवन में कक्षाओं का संचालन करने की मांग शासन प्रशासन से की है।ताकि छात्रों को पढ़ाई करने में सहूलियत हो सके।
इनका कहना
यह स्कूल भवन करीब 22 साल पुराना हो गया है।कमरों की छत से कई बार छत नीचे गिर जाती है। नया भवन बनाने के लिए वरिष्ठ स्तर पर पत्र व्यवहार किया गया है। ताकि शासन से नया भवन बनाने के लिए स्वीकृति मिल सके या फिर किराए में कक्षाओं का संचालन करने मदद मिल जाए।
राजकुमार टेंभरे सहायक शिक्षक, शासकीय प्राथमिक शाला डोडराटोला।