लोक अदालत मेें 1135 प्रकरणोंं का हुआ निराकरण 4.29 करोड़ रुपये के अवार्ड पारित
म0प्र0 राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार एवं श्री दिनेश चंद्र थपलियाल, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बालाघाट के मार्गदर्शन में नेशनल लोक अदालत का शुभारंभ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बालाघाट के कार्यालय में महात्मा गांधी जी के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस नेशनल लोक अदालत में सभी प्रकार के समझौता योग्य प्रकरणों के निराकरण हेतु दिनांक 12 नवंबर 2022 को जिला न्यायालय बालाघाट एवं तहसील न्यायालय वारासिविनी, बैहर, कटंगी एवं लांजी में भी नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया ।
लोक अदालत के आयोजन के शुभारंभ के अवसर पर श्री आर.के. गुप्त, प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय सहित अन्य समस्त न्यायाधीशगण उपस्थित रहे, साथ ही बैंकों के मैनेजर, लोक अभियोजन अधिकारी श्री कपिल डेहरिया, जिला विधिक सहायता अधिकारी श्री सोमनाथ राय, नगर पुलिस अधीक्षक श्री अंजुल अयंक मिश्रा, सहित पुलिस स्टॉफ, न्यायालय का स्टॉफ उपस्थित रहा। इस नेशनल लोक अदालत के सफल आयोजन के लिए समस्त जिले की तहसीलों सहित न्यायाधीशों की 21 खण्डपीठों का गठन किया गया था। इस संबंध में जानकारी देते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के जिला न्यायाधीश/सचिव श्री आसिफ अब्दुल्लाह ने बताया कि इस नेशनल लोक अदालत में 594 प्रिलिटिगेशन प्रकरणों का निराकरण हुआ जिसमें राशि 16320135/- रू0 की राशि वसूली के रूप में प्राप्त हुई ।
इसके साथ ही न्यायालयों में लंबित प्रकरणों में से मोटर दुर्घटना दावा के 27 निराकृत प्रकरणों में 9731000/- राशि के अवार्ड पारित किए गए तथा 407 दांडिक प्रकरण, 09 वैवाहिक प्रकरण, चेक बाउंस के 45 प्रकरण, जिसमें राशि 15065404/- व्यवहार वाद के 5 प्रकरण, विद्युत प्रकरण 07 जिसमें राशि रूपये 144217/- तथा 41 अन्य प्रकरणों का निराकरण जिसमें राशि रुपये 1734434/- आपसी राजीनामा के आधार पर किया गया। इस प्रकार न्यायालय में लंबित कुल 541 प्रकरणों का निराकरण हुआ जिसमें समझौता राशि 26675055/- रुपये के आवार्ड पारित हुए। जिनके माध्यम से कुल 1499 व्यक्ति लाभांवित हुए हैं।
इस प्रकार प्रिलिटिगेशन एवं न्यायालय में लंबित कुल 1135 प्रकरणों का निराकरण हुआ जिसमें कुल समझौता राशि 4,29,95,190/- रूपये का आवार्ड पारित हुआ, जिससे कुल 2093 व्यक्ति लाभांवित हुए। इस लोक अदालत के सफल आयोजन में सभी न्यायिक अधिकारी, कर्मचारी व अधिवक्तागण का सहयोग प्राप्त हुआ।